Ad Code

चुनावी रैलियों पर 15 जनवरी तक रोक, यूपी में किसे हो सकता है फ़ायदा

 

निर्वाचन आयोग ने उत्तर प्रदेश समेत पांच राज्यों में विधानसभा चुनावों के लिए चुनावी कार्यक्रम घोषित कर दिया है. उत्तर प्रदेश, गोवा, मणिपुर, पंजाब और गोवा में कुल सात चरणों में चुनाव होंगे.

उत्तर प्रदेश में 403 सीटों, पंजाब में 117 सीटों, गोवा में 40 सीटों, उत्तराखंड में 70 सीटों और मणिपुर में 60 सीटों पर सैकड़ों उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमाएंगे. पहला चरण 10 फ़रवरी से शुरु होगा. अंतिम चरण में 7 मार्च को मतदान होगा. चुनावों के नतीजे 10 मार्च 2020 को आएंगे.

ये महत्वपूर्ण विधानसभा चुनाव भारत में कोरोना महामारी की तीसरी लहर के बीच हो रहे हैं. कोरोना के नए ओमिक्रॉन वैरिएंट के आने के बाद से देश में कोरोना संक्रिमतों की संख्या लगातार बढ़ रही है. भारत में अब रोज़ाना एक लाख से अधिक संक्रमण के मामले आ रहे हैं.

महामारी का असर चुनावों पर भी रहेगा. चुनाव आयोग ने कहा कि 15 जनवरी तक किसी भी तरह के रोड शो, रैली, पद यात्रा, साइकिल और स्कूटर रैली की इजाज़त नहीं होगी. राजनीतिक दलों को वर्चुअल रैली के ज़रिए ही चुनाव प्रचार करना होगा. जीत के बाद किसी तरह के विजय जुलूस भी नहीं निकलेगा. 5 जनवरी के बाद आयोग अपने इस आदेश की समीक्षा करेगा और परिस्थितियों के हिसाब से दिशानिर्देश जारी करेगा.

समावादी पार्टी भी उत्तर प्रदेश में कई बड़ी रैलियां कर चुकी है

इमेज स्रोत,SAMAWADI PARTY

इमेज कैप्शन,

समावादी पार्टी भी उत्तर प्रदेश में कई बड़ी रैलियां कर चुकी है

चुनाव आयोग के इन नियमों का मतलब ये है कि अगले एक सप्ताह तक चुनावी रैलियां और सभाएं नहीं हो सकेंगी, सिर्फ़ वर्चुअल प्रचार ही किया जा सकेगा.

(Credit by BBC NEWS)

Ad code

ad inner footer ad inner footer

Ad Code

Responsive Advertisement